बरेली और बदायूं की सीमा पर रामगंगा नदी के पास करीब दो साल पहले हुआ हादसा आज भी लोगों के जेहन में ताजा है। यह हादसा इतना भयानक था कि पूरे इलाके में मातम पसर गया था। नोएडा से शाहजहांपुर शादी में जा रहे तीन युवक गूगल मैप के सहारे रास्ता तय कर रहे थे। रात का वक्त था और अंधेरे में उन्हें अंदाजा नहीं लग सका कि आगे पुल अधूरा और टूटा हुआ है। जैसे ही कार पुल पर पहुंची, वह सीधे नीचे गिर गई। इस हादसे में दो सगे भाई नितिन और अमित के साथ उनके दोस्त अजीत की मौके पर ही मौत हो गई थी।
उस समय लोगों में गुस्सा था कि अधूरे पुल पर न तो कोई चेतावनी बोर्ड था और न ही बैरिकेडिंग। हादसे के बाद बदायूं पुलिस ने गूगल को नोटिस भेजा था और मैप में गलती दिखाने पर सवाल उठाए गए थे। साथ ही लोक निर्माण विभाग के कुछ कर्मचारियों पर भी लापरवाही के आरोप लगे थे। लोगों का कहना था कि अगर समय रहते जिम्मेदार ध्यान देते, तो तीन घरों के चिराग न बुझते।
दो साल बाद जागी सरकार, 140 करोड़ से बनेगा नया पुल
हादसे के करीब दो साल बाद अब जाकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। योगी सरकार ने रामगंगा नदी पर दातागंज में नए पुल के निर्माण को मंजूरी दे दी है। इस पुल के लिए 140 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है। यह पुल बरेली और दातागंज को जोड़ेगा, जिससे बदायूं, बरेली, लखनऊ, शाहजहांपुर और आगरा की ओर जाने वाले लोगों को राहत मिलेगी।
यह जगह लंबे समय से “डेथ पॉइंट” के नाम से जानी जाती थी। पुल के अधूरे होने और बार-बार हादसों की वजह से लोग यहां से गुजरने में डरते थे। अब नए पुल के बनने से इस डर से छुटकारा मिलेगा। पुल की मजबूती को देखते हुए आईआईटी रुड़की के विशेषज्ञों से तकनीकी जांच कराई गई थी। उनकी सलाह पर पुल की लंबाई बढ़ाकर करीब 850 मीटर तय की गई है, ताकि बाढ़ के समय भी आवागमन सुरक्षित रहे।
पीडब्ल्यूडी के चीफ इंजीनियर अजय कुमार ने बताया कि सेतु के निर्माण को लेकर तैयार किए गए एस्टीमेट की वित्तीय समिति ने गहराई से जांच की। सभी आपत्तियों के निस्तारण के बाद अब परियोजना को अंतिम मंजूरी मिल गई है। जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी और काम भी शुरू कर दिया जाएगा।
इस पुल के बनने से सफर न सिर्फ आसान होगा, बल्कि समय और जान दोनों की सुरक्षा होगी। हादसे में जिन परिवारों ने अपनों को खोया है, उनका दर्द कभी खत्म नहीं होगा, लेकिन उम्मीद है कि अब कोई और इस तरह की लापरवाही की कीमत अपनी जान देकर नहीं चुकाएगा।
